आज इस आर्टिकल में हम आपको प्रांतीय राजवंश के बारे में पूरी जानकारी दे रहे है.

"<yoastmark

कश्मीर

13 ईसवी में सुहादेव ने कश्मीर में स्वतंत्र हिंदू राज्य की स्थापना की, किंतु 1339 ईसवी में सहायक मेल शमसुद्दीनसाह  के नाम से कश्मीर का पहला मुस्लिम शासक बना एवं इंद्र कोर्ट में अपनी राजधानी बनाई. कश्मीर का शासक सिकंदर धर्मार्थ था, उसने हिंदुओं पर अत्याचार किया. उसने बूतशिकन की उपाधि ग्रहण की.

उसके समय तैमूर ने 1398 ईसवी में कश्मीर पर आक्रमण किया. उसने ब्राह्मणों पर जजिया लगाया. 1420 ईसवी में शाही खां कश्मीर का शासक हुआ. जो जैनुल अबिदीन के नाम से प्रसिद्ध हुआ. उसने राजतरंगिणी तथा महाभारत का फारसी में अनुवाद करवाया. जैनु-उल-अबिदीन ने हिंदुओं को जजिया कर से मुक्त कर दिया, उसे कश्मीर का अकबर कहा जाता है.

भारत में धार्मिक-सामाजिक सुधार आंदोलन

जौनपुर

जौनपुर की स्थापना फिरोजशाह तुगलक ने अपने भाई जॉन खान की स्मृति में की थी. जौनपुर स्थापत्य की शर्की कला के लिए माना जाता है. इब्राहिम शाह शर्की ने अटाला मस्जिद का निर्माण करवाया. हुसैन शाह ने  जामी मस्जिद बनवाई. जौनपुर को भारत का सिराज कहा जाता था.

गुजरात

1401 में सुल्तान मुजफ्फर शाह की उपाधि धारण कर स्वतंत्र राज्य की स्थापना की. वर्ष 14 से 13 ईसवी में अहमद जाने अहमदाबाद नगर बसाया एवं इसे राजधानी पाटन से हटाकर बनाया. संस्कृत का विद्वान कवि उदय राज उसका दरबारी कवि था. हमें सुल्तान की प्रशंसा में मोहम्मद चरित्र नामक काव्य की रचना की.

आज इस आर्टिकल में हमने आपको प्रांतीय राजवंश के बारे में पूरी जानकारी दी इसको लेकर अगर आपका कोई सुझाव या सवाल है तो आप नीचे कमेंट करके पूछ सकते है.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *