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अम्ल, क्षारक और लवण से जुड़े सवाल और उनके जवाब


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अम्ल, क्षारक और लवण से जुड़े सवाल और उनके जवाब

अम्ल व क्षारों का स्वाद कैसा होता है?

अम्लों का स्वाद खट्टा व क्षारों का स्वाद कड़वा होता है। अम्ल नीले लिटमस को लाल और क्षार लाल लिटमस को नीला कर देते हैं।

सूचक कितने प्रकार के होते हैं? इन के दो उदाहरण दें।

सूचक दो प्रकार के होते हैं- प्राकृतिक सूचक, संश्लेषित सूचक।

  • प्राकृतिक सूचक- ऐसे सूचक जो प्राकृतिक पदार्थ हो, जैसे हल्दी, लिटमस आदी से प्राप्त हो प्राकृतिक सूचक कहलाते हैं।
  • संश्लेषित सूचक- ऐसे सूचक दो पदार्थों के संश्लेषण से बनाई जाए, जैसे- मेथिल ऑरेंज आदि।

प्रकृति अम्ल-क्षार सूत्र किस प्रकार तैयार किए जाते हैं?

प्राकृतिक अम्ल-क्षार सूतक तैयार करना-

  • मोर्टार में चुकन्दर की जड़ को पीसीए।
  • घोल प्राप्त करने के लिए आवश्यक पानी डालिए।
  • घोल को छानिए।

इस विधि का प्रयोग लाल गोभी के पत्तों से, कुछ फूलों की पंखुड़ियों से, जैसे पेटूनिया, हाइड्रेंजिया, जेरानियम आदि से सूचना तैयार करने के लिए किया जा सकता है।

कपड़े पर लगा हल्दी का दाग साबुन के साथ धोने पर एकदम भूरा-लाल क्यों हो जाता है?

कपड़े पर लगा हल्दी का दाग क्षारिय प्राकृतिक वाले साबुन के साथ रगड़ने पर भूरे रंग का हो जाता है। हल्दी एक सूचक है और साबुन क्षारीय होने के कारण ही धब्बे का रंग लाल भूरा होता है, परंतु कपड़े को अधिक जल के साथ धोने पर दाग फिर पीला हो जाता है, क्योंकि क्षारिय साबुन के साथ घुल जाता है।

अम्ल-क्षार सूचक किसे कहते हैं? लिटमस कहां से प्राप्त होता है?

लाल पत्ता गोभी, हल्दी, पेटूनिया, जेरानियम आदि फूलों के रंगीन पंखुड़ियां किसी विलियन के अम्लीय व क्षारीय प्राकृतिक को सूचित करती है, इसलिए इन्हें अम्ल-क्षारक या केवल सूचक कहा जाता है।

लिटमस लिचेन (थेलाफाइटा समूह का पादप) से प्राप्त होता है। लिटमस बैंगनी रंग का रंजक होता है।

गंधीय सूचक किसे कहते हैं?

कुछ पदार्थ ऐसे होते हैं जिनकी गंध अम्लीय या क्षारीय माध्यम में बदल जाती है, इन्हें गंधीय सूचक कहते हैं।

सामान्य अम्लों के रासायनिक नाम व सूत्रो की सूची बनाएं।

अम्ल का नाम रासायनिक नाम सूत्र
हाइड्रोक्लोरिक अम्ल हाइड्रोजन क्लोराइड HCL
सल्फ्यूरिक अम्ल डाई हाइड्रोजन सल्फेट H2SO4
नोटरी कमल हाइड्रोजन नाइट्रेट HNO3
एसिटिक अम्ल एथानोइक अम्ल CH3COOH
कार्बनिक अम्ल हाइड्रोजन कार्बोनेट H2CO3

सामान्य क्षारों/क्षारकों के नाम बताने के नाम व सूत्रों की सूची बनाएं।

क्षारक/क्षार  का नाम रासायनिक नाम सूत्र
कास्टिक सोडा सोडियम हाइड्रोक्साइड NaOH
चूने का पानी  पोटेशियम हाइड्रोक्साइड KOH
मैग्नीशियम का दूध मैग्निशियम हाइड्रोक्साइड Mg(OH)2
कैल्शियम हाइड्रोक्साइड Ca(OH)2
अमोनिया हाइड्रोक्साइड NH4OH

प्रकृति में पाए जाने वाले कुछ अम्लों की सूची बनाएं.

प्राकृतिक स्त्रोत
अम्ल प्राकृतिक स्रोत अम्ल
सिरका एसिटिक अम्ल संतरा सिट्रिक अम्ल
इमली टारेटेरिकअम्ल टमाटर ऑक्सेलिक अम्ल
(खट्टा दूध) दही लैक्टिक अम्ल नींबू रस सिटरीक अम्ल
चीटीका डंक मेथेनाईक अम्ल नेटल डंक मेथेनॉइक अम्ल

प्रकृति में उदासीनीकरण का एक उदाहरण दें।

नेटल पहाड़ी क्षेत्रों के जंगलों में उगने वाला एक पौधा है जिसके पत्तों में डंकनुमामें बाल होते हैं। शरीर से छूने पर यह मैरथेनाइक अम्ल युक्त बाल, शरीर में डंक जैसा दर्द पैदा करते हैं, परंतु स्थानीय निवासी इसका इलाज ही पौधे के साथ हो गने वाले डाक नामक पौधे की पत्तियों को रगड़ कर करते हैं, क्योंकि इन पत्तों में  क्षारीय पदार्थ होता है। अंत नेटल का अम्ल, डाक के क्षारीय पदार्थ से उदासीन होने के कारण डंक का दर्द समाप्त हो जाता है। यह प्रकृति में पाया जाने वाला उदासीनीकरण का उदाहरण है।

क्या होता है जब जिंक तनु सल्फ्यूरिक अम्ल के साथ क्रिया करता है? रासायनिक समीकरण भी लिखें।

जब जब तनु सल्फ्यूरिक अम्ल के साथ क्रिया करता है तो जिंक सल्फेट और नाइट्रोजन गैस बनती है।

Zn(s) +  तनु h2so4(aq) – ZnSO4 (aq) + H2 (g)

जिंक सोडियम हाइड्रोक्साइड के साथ अभिक्रिया लिखें.

जिक सोडियम हाइड्रोक्साइड के साथ अभिक्रिया- 2NaOH(S) + Zn → Na2Zno2(aq) + H2 

क्षार किसे कहते हैं? इनके सामान्य गुण लिखे।

जल में घुलनशील क्षारको को क्षार कहते हैं। ध्यान रहे कि सभी क्षारक  जल में घुलनशील नहीं होते हैं।

क्षारों के सामान्य गुण हैं-

  • यह छुने पर साबुन की तरह चिकने होते हैं।
  • इनका स्वाद कड़वा होता है।
  • इनकी प्रकृति संक्षारक होती है।

तनुकरण किसे कहते हैं?

जल में अम्ल या क्षार बनाने पर आयन की सांद्रता (H3O+\OH-) में प्रति इकाई आयतन में कमी हो जाती है। इस प्रक्रिया को तनुकरण कहते हैं। अम्ल क्षारक तनुकृत कहलाते हैं।

जल में अम्ल या क्षारकों को एकदम मिलाना उचित नहीं, क्यों?

जल में अम्ल या  क्षारक के घुलने की प्रक्रिया अत्यंत ऊष्माक्षेपी होती है।  जल में कभी भी सान्द्र नाइट्रिक अम्ल या सल्फ्यूरिक अम्ल नहीं मिलाना चाहिए, क्योंकि ऐसा करने से उत्पन्न हुई उस मां के कारण मिश्रण आस्फलित होकर बाहर आ सकता है जिससे कोई भी दुर्घटना हो सकती है। अत्यधिक ताप से, प्रयोग किए जाने वाला पात्र भी टूट सकता है। अम्ल को हमेशा धीरे धीरे जल में मिलाना चाहिए और ऐसा करते समय जल को लगातार हिलाते रहना चाहिए।

pH स्केल क्या है? संक्षिप्त वर्णन करें।

किसी दिए गए विलियन में [H+(aq)] आयनो की सादरता मापने कामापने का पैमाना (scale) pH स्केल कहलाता है। pH स्केल में हम किसी विलियन की pH शून्य (अत्यधिक अम्लीय) से लेकर 14 (अत्यधिक क्षारीय) तक माप सकते हैं इसलिए pH एक संख्या द्वारा प्रदर्शित होती जो यह बताती है कि कोई विलयन अम्लीय है अथवा क्षारीय। जितनी ही H+(aq) H3O+(aq) आयनों की सांद्रता अधिक होती है उतना ही pH मान कम होता है।

अम्ल व क्षार की प्रबलता, pH स्केल पर कैसे स्पष्ट कैसे की जा सकती है?

pH स्केल शून्य से 14 तक निर्धारित है अत: जिसे विलयन का pH मान शून्य होगा वह प्रबल अम्ल व शून्य से pH मान 7 से कम है तो प्रबलता घटती चली जाएगी अर्थात 7 से कम मान वाला विलयन दुर्बल अम्ल होगा। इसी प्रकार pH मान 7 वाला विलियन उदासीन तथा 7 से अधिक होने पर विलियन क्षारीय होगा। pH मान 14 वाला विलियन प्रबल क्षार होगा।

प्रबल क्षार तथा दुर्बल क्षार क्या होते हैं?

प्रबल क्षार- वे  क्षार जो अधिकतम क्षमता तथा आयनिकृत होकर, अधिक संख्या में हाइड्रॉक्सिल आयन OH उत्पन्न करते हैं, उन्हें प्रबल क्षार कहते हैं। उदाहरण- Naoh, KKOH

दुर्बल क्षार- वे क्षार जो कम क्षमता तथा आयनिकृत होकर, कम मात्रा में OH (aq) आयन उत्पन्न करते हैं, दुर्बल क्षार कहलाते हैं। उदाहरण – Ca(OOH)2, Mg(oh)2 आदि।

प्रबल अम्ल और दुर्बल अम्ल के बीच अंतर करें।

प्रबल अम्ल- वे अम्ल जो अधिक क्षमता तक आयनीकृत होते है उन्हें प्रबल अम्ल कहते हैं। इनमें H+ सांदर्ता अधिक होती है। उदाहरण- HCL, HNO3, H2SO4

दुर्बल अम्ल- वे अम्ल कम क्षमता तक आयनीकृत होते है ओर कम मात्रा मे H+(aq) आयन उत्पन्न करते हैं, उन्हें दुर्बल अम्ल कहते हैं।

उदाहरण- कार्बनिक अम्ल जैसे- एसीटिक अम्ल, सिट्रिक अम्ल।

हमारे दैनिक जीवन में pH का क्या महत्व है।

  • पौधे मृदा मे एक निश्चित pH  पर उगते हैं। मृदा के pH मान में परिवर्तन मृदा में सुख संपादक व सूक्ष्म जंतुओं के प्रकार व संख्या में परिवर्तन कर देता है।
  • आमाशय में उत्सर्जित HCL का मान 2.0 है जो अम्लीय है। आंत रस का pH  मान 7.8 है जो क्षारीय है।
  • एंजाइम विशेष pH पर ही क्रियाशील रहते हैं। pH में कोई भी परिवर्तन एंजाइमों को निष्क्रिय बना सकता है।
  • जब मुंह में लार का pH का मान 5.5 से से कम हो जाता है तो यह दातों के क्षय को कारण बन सकता है। यह मुख में अधिक उत्पादन से होता है।
  • जंतु तथा को पौधे pH के प्रति संवेदनशील होते हैं। यदि वर्षों के पानी का pH 5.5 कम हो तो इसे अम्लीय वर्षा कहते हैं। यह पारितंत्र को पूरी तरह से प्रभावित कर सकती है।

चट्टानी लवण (Rock saalt) क्या होता है? यह किस प्रकार बना है?

साधारण नमक दो प्राकृतिक रूप से चट्टानों के रूप में पाया जाता है, उसे चट्टानी लवण कहते हैं। यह प्रकृति में सोडियम और क्लोरीन की क्रिया से बना है। इसमें अशुद्धियों के कारण इसका रंग भूरा सा हो जाता है।

साधारण नमक (NaCL) किन किन पदार्थों के लिए कच्चे सामान/सामग्री के रूप में काम आता है।

  • सोडियम हाइड्रोक्साइड- NaOH
  • क्लोरीन गैस CL2
  • विरंजक चूर्ण CaOCL2
  • बेकिंग सोडा NaOHCO3
  • धावन सोडा Na2CO3.10H2O

सोडियम हाइड्रोक्साइड के चार उपयोग लिखिए?

  • इसका उपयोग साबुन होता है.
  • इसका उपयोग प्रयोगशाला में अभीकारक के रूप में होता है।
  • इसे कागज तथा कपड़ा उद्योग में भी प्रयोग किया जाता है।
  • इसका उपयोग रेयान बनाने में होता है.

विरंजक चूर्ण किस प्रकार तैयार किया जाता है? संक्षिप्त वर्णन करें।

विरंजक चूर्ण कैल्शियम ऑक्सिक्लोराइड है। इसे शुष्क बुझे हुए चुने Ca(OH)2 क्लोरीन की क्रिया से तैयार किया जाता है।

Ca(OH)2  + CL2→CaOCL2 + H2O

इस क्रिया के लिए प्रयुक्त CL2 और सोडियम क्लोराइड को अपघटन द्वारा तैयार किया जाता है।

विरंजक चूर्ण के तीन उपयोग लिखे।

  • सूती तथा कृत्रिम रेशम उद्योग में इसका विरंजन (रंग उड़ाने) के लिए किया जाता है।
  • विरजंक के रूप में इसका उपयोग कागज उद्योग में किया जाता है।
  • जल को रोगाणु रहित करने के लिए।
  • अनेक रासायनिक क्रियाओं में ऑक्सीकारक के रूप में।

बैंकिंग सोडा (सोडियम हाइड्रोजन कार्बोनेट-NaHCO3) कैसे तैयार किया जाता है? संक्षिप्त में वर्णन करें।

बैंकिंग सोडा निर्माण के लिए कच्चे सामान के रूप में सोडियम क्लोराइड CO2H2O तथा NH3(अमोनिया) का प्रयोग किया जाता है.

NaCL + H2O + CO2 + NH3 – NaHCO3 + NH4CL

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बेकिंग सोडा के चार उपयोग की सूची बनाएं?

  • बेकिंग पाउडर के घटक के रुप में, इसे बेकरी में उपयोग किया जाता है.
  • प्रति अम्ल के घटक के रूप में क्षारीय होने के कारण, यह अवश्य में अतिरिक्त अम्ल को उदासीन कर देता है।
  • इसे सोडा एसिड अग्नि मिशन में उपयोग किया जाता है।
  • रसोई में इसका उपयोग खाना जल्दी पकाने के लिए किया जाता है।

धावन सोडा के चार उपयोग लिखें?

  • धावन सोडा को का साबुन तथा कागज उद्योग में प्रयोग किया जाता है।
  • बोरेकस, जैसे सोडियम के यौगिकों के निर्माण में इसे प्रयोग किया जाता है।
  • इसे वॉशिंग पाउडर के घटक के रुप में धावन के लिए उपयोग किया जाता है।
  • इसे जल की स्थाई कठोरता को दूर करने के लिए प्रयोग किया जाता है।

चार लवणों के रासायनिक नाम और सूत्र दें जिनमें क्रिस्टलन का जल होता है।

  • कॉपर सल्फेट CuSO4.5H2O
  • फेरस सल्फेट  FeSO4.7H2O
  • सोडियम कार्बोनेट Na2CO3.10H2O
  •  कैल्शियम सल्फेट CaSO4.2H2O

प्लास्टर ऑफ पेरिस के चार उपयोग की सूची बनाएं?

  • इसका उपयोग खिलौने, सजावटी सामान, बुत आदि बनाने के लिए किया जाता है.
  • इसे तल को समतल बनाने के लिए प्रयोग किया जाता है।
  • इसे टूटी हुई हड्डियों को सही स्थिति में रखने के लिए प्रयोग किया जाता है।

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